
publicuwatch24.-जांजगीर।जिला मुख्यालय में सरकारी दफ्तरों में अनुशासनहीनता का गंभीर मामला सामने आया है। जिले के कलेक्टर आकाश छिकारा ने मंगलवार सुबह औचक निरीक्षण कर विभिन्न सरकारी विभागों की उपस्थिति जांची। निरीक्षण के दौरान 13 विभागों के कुल 120 कर्मचारी दफ्तर से अनुपस्थित पाए गए। इस लापरवाही को लेकर जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है।
औचक निरीक्षण से खुली पोल
कलेक्टर आकाश छिकारा के साथ अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने भी विभिन्न सरकारी कार्यालयों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान पाया गया कि कई विभागों में कर्मचारी निर्धारित समय पर उपस्थित नहीं थे।
जिन प्रमुख विभागों में अनुपस्थित कर्मचारी पाए गए उनमें शिक्षा, स्वास्थ्य, राजस्व, जनसम्पर्क, कृषि, वन, बिजली विभाग और जल संसाधन विभाग शामिल हैं।
कार्रवाई के निर्देश
कलेक्टर आकाश छिकारा ने कहा,
"सरकारी कार्यालयों में समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करना अनिवार्य है। अनुपस्थित पाए गए कर्मचारियों को नोटिस जारी किया गया है और उनके वेतन में कटौती की जाएगी।"
वेतन कटौती और अनुशासनात्मक कार्रवाई
विभागीय प्रमुखों को निर्देश दिया गया है कि वे अनुपस्थित कर्मचारियों का स्पष्टीकरण लें। यदि संतोषजनक उत्तर नहीं मिलता है तो संबंधित कर्मचारियों पर अनुशासनात्मक कार्रवाई भी की जा सकती है।
विभागों में मचा हड़कंप
निरीक्षण और कार्रवाई के बाद से सरकारी कार्यालयों में हड़कंप मचा हुआ है। कर्मचारियों में यह चर्चा का विषय बन गया है कि अनुशासनहीनता पर प्रशासन कितनी सख्ती से कार्रवाई कर रहा है।
संवेदनशील प्रशासन की आवश्यकता
कलेक्टर ने सभी विभाग प्रमुखों को चेतावनी दी है कि आगे से कर्मचारियों की उपस्थिति नियमित रूप से जांची जाए। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य कार्य संस्कृति में सुधार लाना है, ताकि नागरिकों को समय पर और प्रभावी सेवाएं मिल सकें।
नागरिकों की प्रतिक्रिया
जिले में सरकारी कार्यालयों की स्थिति में सुधार के लिए प्रशासनिक सख्ती का नागरिकों ने स्वागत किया है। उनका मानना है कि इस तरह के कदम से सरकारी कार्यों में पारदर्शिता और समयबद्धता आएगी।
आंकड़े एक नजर में
- कुल निरीक्षण किए गए विभाग: 13
- अनुपस्थित कर्मचारी: 120
- कार्रवाई: नोटिस जारी, वेतन कटौती के आदेश
यह सख्ती अन्य सरकारी कर्मचारियों के लिए एक संदेश है कि लापरवाही को अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिला प्रशासन का यह कदम कार्य संस्कृति को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।